छत्तीसगढ़ में गांजा तस्करी पर बड़ी कार्रवाई: सूरजपुर और सारंगढ़-बिलाईगढ़ में कुल 341 किलो गांजा जब्त, 8 गिरफ्तार


छत्तीसगढ़ में गांजा तस्करी के खिलाफ पुलिस ने दो जिलों में बड़ी कार्रवाई की है। सूरजपुर और सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिलों में हुई इन कार्रवाइयों में कुल करीब 341 किलो गांजा जब्त किया गया है। सूरजपुर जिले के घाट पेंडारी में उत्तर प्रदेश की ओर जा रहा ट्रक पलट गया था, जिसके बाद पुलिस ने 238 किलो गांजा बरामद किया। वहीं, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में पुलिस और एएनटीएफ ने दो अलग-अलग मामलों में 103.11 किलो गांजा जब्त किया है।
पहला मामला सूरजपुर जिले के चंदौरा थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक 30 सितंबर को अंबिकापुर-बनारस स्टेट हाईवे पर घाट पेंडारी के मुख्य घाट में ट्रक क्रमांक UP 13 T 5497 पलट गया था। ट्रक के ड्राइवर सुनील कुमार ने ट्रक को क्रेन के जरिए उठवाया और बिखरी बोरियों को मजदूरों से उठवा रहा था। ट्रक में प्लास्टिक दाने भरे हुए थे। सुनील कुमार ने ट्रक में लदी कुछ बोरियों को अलग रखकर उसे प्लास्टिक के तिरपाल से ढंककर छिपा दिया था। जिस कारण उसमें संदिग्ध सामान होने का शक लोगों को हुआ और सूचना चंदौरा पुलिस को दी गई।
सूचना पर चंदौरा थाना प्रभारी लक्ष्मण सिंह धुर्वे की टीम मौके पर पहुंची। ट्रक के अगल-बगल जमीन पर प्लास्टिक दाना की बोरियां रखी थीं, लेकिन मौके पर ट्रक ड्राइवर और बाकी लोग नहीं मिले। आस-पास की तलाशी लेने पर पुलिस को 9 बोरियों में भरे कुल 238 किलो 290 ग्राम गांजा मिला। जिसकी कीमत करीब 1 करोड़ 19 लाख बताई गई है। ट्रक में प्लास्टिक दाना लोड होने के कारण किसी को शक नहीं हुआ और वे आसानी से रायगढ़ के रास्ते सरगुजा जिला पार कर सूरजपुर पहुंच गए थे। अगर हादसा नहीं होता तो आरोपी पकड़े भी नहीं जाते।
पुलिस ने फरार आरोपी सुनील कुमार को पकड़ लिया है। सुनील कुमार ने बताया कि ट्रक अलीगढ़, उत्तर प्रदेश निवासी उसके साथी के नाम पर रजिस्टर्ड है। वे दोनों मिलकर ट्रक चलाते हैं। आरोपी ने बताया कि ट्रक में ओडिशा से प्लास्टिक दाना के साथ गांजा रखकर लखनऊ, उत्तर प्रदेश ले जा रहे थे। पेण्डारी घाट में ट्रक के पलटने के बाद उन्होंने गांजा को सड़क किनारे गड्ढे में छिपाकर तिरपाल से ढंक दिया था। फिलहाल, पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है।
दूसरा मामला सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के भटगांव थाना क्षेत्र का है, जहां पुलिस वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान सारंगढ़ की तरफ से एक ऑल्टो कार (UP 95 W 5149) आती दिखाई दी। पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश की, लेकिन चालक कार छोड़कर फरार हो गया। इसी दौरान पीछे से आ रही कार (UP 32 A 4445) तेज रफ्तार में पहुंची और पुलिस के लगाए स्टॉपर को टक्कर मारकर भागने लगी। पुलिस ने जांजगीर पुलिस से संपर्क किया। गिरवानी पेट्रोल पंप के पास घेराबंदी कर कार को रोक लिया गया। कार के पीछे ‘एडवोकेट हाईकोर्ट’ लिखा हुआ था।
पुलिस ने पकड़ी गई कार और मौके पर छोड़ी गई ऑल्टो की तलाशी ली। दोनों वाहनों से चार प्लास्टिक बोरियों में कुल 63.350 किलो गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने मामले में सुनील बेलदार, अरविंद कुमार ठाकुर, सुरेंद्र यादव, सागर सिंह और मेहताब अहमद को गिरफ्तार किया है। एक नाबालिग को भी पकड़ा गया है। वहीं, एक आरोपी फरार है। पुलिस ने गांजे के अलावा दोनों कार और सात मोबाइल फोन समेत कुल 44.55 लाख रुपए का सामान जब्त किया है।
तीसरी कार्रवाई सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के ही बेलादुला चौकी क्षेत्र में हुई। पुलिस और एएनटीएफ टीम को गांजा तस्करी की सूचना मिली थी। इसके बाद टीम ने तेंदूदरहा के पास घेराबंदी कर नारंगी-लाल रंग के आयशर वाहन (MH 04 NB 2816) को रोक लिया। पूछताछ में वाहन में सवार लोगों ने बताया कि गांजा ओडिशा के बलांगीर से उत्तर प्रदेश ले जाया जा रहा था। पुलिस ने जब वाहन में रखी लोहे की अलमारी की तलाशी ली तो उसके अंदर भूरे टेप में लिपटे 35 पैकेट मिले। इनमें कुल 39.76 किलो गांजा बरामद हुआ।
इस मामले में पुलिस ने अनुज कुमार गौतम (31) और टिंकू वर्मा (25) को गिरफ्तार किया है। दोनों उत्तर प्रदेश के जौनपुर के रहने वाले हैं। पुलिस ने गांजे के साथ आयशर वाहन, करीब 10 टन लोहे की चादर और दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। जब्त सामान की कुल कीमत करीब 45.20 लाख रुपए बताई गई है।
सारंगढ़-बिलाईगढ़ पुलिस ने दोनों मामलों में आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट और BNS के तहत कार्रवाई की है। गिरफ्तार सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस अब दोनों मामलों में आगे की जांच कर रही है।
इससे संबंधित एक अन्य खबर में, छत्तीसगढ़ के एमसीबी जिले में पुलिस ने दो पिकअप से 9 क्विंटल 19 किलो गांजा जब्त किया है। जिसकी अनुमानित कीमत 4 करोड़ 59 लाख रुपए बताई गई है। गांजा ओडिशा से कपड़े के गट्ठों के बीच में छिपाकर मध्यप्रदेश के कटनी ले जाया जा रहा था। इस मामले में 6 तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें 2 महिलाएं शामिल हैं।



